भगवान कृष्ण के भक्त और हरे कृष्णा महामंत्र का जाप करने के लिए प्रेरित करने वाले नन्हे 5 साल के भगवत के जीवन में एक और उपलब्धि जुड़ गई है। भागवत जिन्हें भागवत दास ब्रह्मचारी प्रभु के नाम से जाना जाता है ने TEDx के मंच पर व्याख्यान देकर सबसे कम उम्र का
.
गोवर्धन में रह रहे बाल भक्त भागवत
भागवत का जन्म 2019 में हुआ। भक्त भगवत GIVE गीता गुरुकुल के छात्र हैं और श्री श्री राधा कृष्ण के समर्पित भक्त हैं। कम उम्र में ही उन्होंने भगवद गीता की समझ और भक्ति के लिए अपार प्रसिद्धि प्राप्त कर ली है। भागवत ए.सी. भक्तिवेदांत स्वामी ठाकुर श्रील प्रभुपाद और डॉ. वृंदावन चंद्र दास (गौरांग इंस्टीट्यूट फॉर वैदिक एजुकेशन – GIVE के संस्थापक) के शिष्य हैं। वर्तमान में GIVE गीता गुरुकुल, गोवर्धन में अध्ययन कर रहे भक्त भगवत भगवद गीता के प्रचार में योगदान दे रहे हैं।
भक्त भागवत गीता के प्रचार में योगदान दे रहे हैं
भगवान हरि का नाम ही करेगा कल्याण: भागवत
भागवत पूरे देश में अलग अलग शहरों में कार्यक्रम करते हैं। इनके कार्यक्रमों में हजारों लोग भाग लेते हैं । इतनी छोटी सी आयु में भागवत देश के बड़े बड़े शहरों जैसे दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, बैंगलोर, हैदराबाद, अहमदाबाद, जयपुर आदि में कार्यक्रमों के लिए जाते रहते हैं । जिस भी स्थान पर भागवत जाते हैं वह गीता की प्रतियां वितरित करते हैं और लोगों को भारतीय राज्य संस्कृति अपनाने की प्रेरणा देते हैं । वे सबको बताते हैं की कलियुग में भगवान हरि के नामों का जाप ही हमारा कल्याण करेगा और कहते हैं Hi-Hello छोड़ो हरे कृष्ण बोलो । वे सबको हरे कृष्ण महामंत्र जपने के लिए प्रेरित करते हैं।
भागवत देश के कई बड़े शहरों में जाकर लोगों को गीता के बारे में बताते हैं
सोशल मीडिया पर मिलियन में हैं भागवत के फॉलोअर
भक्त भगवत केवल आध्यात्मिक सभाओं तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वह सोशल मीडिया पर भी छाए हुए है। उनके इंस्टाग्राम पर 2.4 मिलियन फॉलोअर्स और यूट्यूब पर 4.7 मिलियन सब्सक्राइबर्स हैं। उनके वीडियो करोड़ों लोगों तक पहुंच चुके हैं। भागवत की सोशल मीडिया पर की गई पोस्ट ने करोड़ों व्यूज हासिल किए हैं, जिससे वह आज के समय के सबसे प्रभावशाली बाल आध्यात्मिक व्यक्तित्वों में से एक बन गए हैं।
भागवत सोशल मीडिया पर भी काफी चर्चित हैं
एक ऐतिहासिक प्रेरणा
जैसे-जैसे वे TEDx के मंच पर अपनी बात रखने के लिए तैयार हो रहे हैं, भक्त भगवत पूरी दुनिया में लाखों लोगों को प्रेरित कर रहे हैं। भागवत ने यह साबित कर दिया है कि ज्ञान, भक्ति और बदलाव लाने के लिए उम्र कोई बाधा नहीं होती। भक्त भगवत की आध्यात्मिक परवरिश में उनके माता-पिता, अकाम भक्ति दास (पूर्व में आदित्य शर्मा) और पूज्या साची देवी की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उनके छोटे भाई का नाम हरिअंश दास है, और उनके दादा ओमकार हरि दास और दादी परम मोहिनी राधा दासी भी GIVE संस्था से जुड़े हुए हैं। उनका पूरा परिवार गौरांग इंस्टीट्यूट फॉर वैदिक एजुकेशन (GIVE) के साथ सक्रिय रूप से जुड़ा हुआ है।