उन्नाव के गंगाघाट क्षेत्र स्थित मिर्जापुर गांव में प्रशासन ने पुलिस के साथ मिलकर 11 बीघा सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटा दिया। इस जमीन की कीमत करीब 4 करोड़ रुपये है।
मिर्जापुर गांव की गाटा संख्या 347 में दर्ज यह जमीन बंजर भूमि के रूप में सरकारी संपत्ति है। गांव के करीब एक दर्जन लोगों ने 6-7 महीने पहले इस पर अवैध कब्जा कर झोपड़ियां बना ली थीं। ग्राम प्रधान अखिलेश निषाद ने तहसील दिवस में जिलाधिकारी गौरांग राठी से इसकी शिकायत की।
डीएम के निर्देश पर नायब तहसीलदार धीरज त्रिपाठी के नेतृत्व में टीम बनाई गई। टीम में लेखपाल आकांक्षा मिश्रा, मनोज यादव, उदयभान और गंगाघाट पुलिस बल शामिल थे। मौके पर जांच के बाद जेसीबी से 12 से 15 झोपड़ियां हटा दी गईं।
दोबारा कब्जा न करने की चेतावनी प्रशासन ने अतिक्रमणकारियों को दोबारा कब्जा न करने की चेतावनी दी। नायब तहसीलदार ने कहा कि सरकारी जमीन पर अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। भविष्य में ऐसी शिकायत मिलने पर तुरंत कार्रवाई होगी। ग्राम प्रधान और ग्रामीणों ने जिला प्रशासन का आभार जताया। उनका कहना था कि यह कार्रवाई गांव की शांति और विकास के लिए जरूरी थी।